लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा एक कथित अप्रकाशित सैन्य पुस्तक का जिक्र करने के बाद भारतीय जनता पार्टी ने उन पर पलटवार किया है. बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे ने कहा की जो छपी हुई किताबें हैं उस पर ही चर्चा हो जाए तो गांधी नेहरू परिवार की सच्चाई सबके सामने आ जाएगी. पहले चीन हमसे पीछे हुआ करता था वह कैसे आगे निकल गया इतिहास सामने आना चाहिए. उन्होंने कहा कि उन पुस्तकों में कांग्रेस शासन, आपातकाल और कथित विदेशी प्रभाव से जुड़े गंभीर आरोप दर्ज हैं. कई किताबों पर कांग्रेस सरकार के समय प्रतिबंध लगाया गया था और उन पर खुली चर्चा होनी चाहिए. मेरा स्पीकर साहब से अनुरोध है कि आप जो छपी हुई किताब है उसे पर ही चर्चा कर लीजिए संसद में चर्चा हो जाएगी तो गांधी नेहरू परिवार की जो मक्कारी है वह सबके सामने आ जाएगी.
निशिकांत दुबे ने कहा कि राहुल गांधी ने लोकसभा में ऐसी किताब का जिक्र किया है जो आज तक छपी ही नहीं है उनकी बातें बे सिर पैर की हैं, जिसका कोई मतलब नहीं है वो उन किताबों का जिक्र कर रहे हैं जो अभी तक छपी ही नहीं है लेकिन मैं ऐसी किताब लेकर आया हूं जो छपी है लेकिन भारत में प्रतिबंधित हैं. निशिकांत दुबे ने जिन किताबों का जिक्र किया उसमें India Independent, Edwina and Nehru, The Life of Indira and Nehru, Nehru – A Political Biography, Ceasefire, The Heart of India Nepal, Red Sari, Bofors Gate, The Accidental Prime Minister, Emergency Retold. शामिल हैं.
निशिकांत दुबे ने कहा कि आर्मी एक्ट के तहत किताब लिखने से पहले रक्षा मंत्रालय की इजाजत लेनी होती है. मनोज मुकुंद नरवणे खुद कह चुके हैं कि 1 इंच जमीन नहीं गई. छोटी सी बात को लेकर संसद को बंधक बनाया गया इसलिए मैं चाह रहा हूं कि इन किताबों का भी जिक्र हो.
बता दें कि सोमवार को लोकसभा में भाषण के दौरान राहुल गांधी ने पूर्व आर्मी चीफ जनरल नरवणे की प्रकाशित किताब का हवाला देते हुए कहा कि चार चीनी टैंक लद्दाख बॉर्डर के पास पहुंच गए थे. इस बयान पर लोकसभा में हंगामा हुआ था. (तस्वीर साभार – राहुल गांधी फेसबुक पेज से साभार)