बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र शास्त्री की सनातन Hindu एकता पदयात्रा का समापन हो गया है. सात नवंबर को दिल्ली के छतरपुर स्थित मां कात्यायनी मंदिर से शुरू हुई यह पदयात्रा दस दिन बाद वृंदावन के बांके बिहारी मंदिर पहुंच कर खत्म हो गई. जैसे ही यात्रा वृंदावन पहुंची धीरेंद्र शास्त्री के आंसू बहने लगे. यहां सनातन सभा में धीरेंद्र शास्त्री ने Hindu समाज से पांच संकल्प लेने को कहा. धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि आज वक्त की जरूरत है कि सभी Hindu जाग्रत हो जाएं फिर धर्म और राष्ट्र के प्रति अपनी भूमिका निभाएं.
क्या हैं वो पांच संकल्प?
पहला संकल्प जुड़ो जोड़ो, इस संकल्प में हर परिवार, पांच परिवार को कट्टर सनातनी बनाए. दूसरा संकल्प भगवा अभियान- जिसके तहत हर Hindu को धर्म ध्वजा घर के बाहर लगाना है और सभी को सनातन की ताकत बताना है. तीसरा संकल्प है- साधु-संतों का मंडल – जिसके मुताबिक साधु और संत समाज को एक मंच पर लाना है. इन सभी के मार्गदर्शन में समाज को संगठित किया जाना है. चौथा संकल्प है- घर वापसी अभियान – जिसके मुताबिक मतांतर को रोकना है, और बिछड़े हुए सनातनियों को वापस धर्म से जोड़ने के अभियान चलाना है. पांचवां संकल्प है – मांस-मदिरा पर प्रतिबंध, इस संकल्प के तहत प्रमुख तीर्थ स्थलों पर मांस और मदिरा की बिक्री और सेवन पर पूरी तरह से प्रतिबंध लागू करने की मांग की जाएगी. (तस्वीर साभार – आचार्य धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री फेसबुक पेज से साभार)